Sunday, November 08, 2026
अलीनगर फैशन
STATE

स्वतंत्र भारद्वाज केस में बड़ा अपडेट: 21 सितंबर तक न्यायिक हिरासत, गिरफ्तारी पर हाई कोर्ट में आज सुनवाई

INFLOWIRE

Published on Sep 07, 2026 • 101 views
News Image

Source: Official Source

Audio Brief

Listen to this news

Approx. 1 min listen

Ready to play
0:00 1:00


स्वतंत्र भारद्वाज केस में बड़ा अपडेट: 21 सितंबर तक न्यायिक हिरासत में ।

Swatantra Bhardwaj Latest Update: स्वतंत्र भारद्वाज मामले में सोमवार, 7 सितंबर 2026 को कानूनी मोर्चे पर बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। दिल्ली की अदालत ने जंतर-मंतर प्रदर्शन के दौरान निशु आजाद के पिता संजय कुमार के साथ कथित मारपीट के मामले में स्वतंत्र भारद्वाज को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। दूसरी ओर उनकी गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट ने तत्काल सुनवाई की अनुमति दी है।

21 सितंबर तक न्यायिक हिरासत

सोमवार को दिल्ली की अदालत ने स्वतंत्र भारद्वाज की न्यायिक हिरासत बढ़ाते हुए उन्हें 21 सितंबर 2026 तक न्यायिक हिरासत में रखने का आदेश दिया। इससे पहले गिरफ्तारी के बाद उन्हें पुलिस हिरासत में रखा गया था और उसके बाद अदालत ने एक दिन की न्यायिक हिरासत दी थी।

गिरफ्तारी को हाई कोर्ट में चुनौती

स्वतंत्र भारद्वाज की ओर से दिल्ली हाई कोर्ट में Habeas Corpus Petition दाखिल की गई है। इस याचिका में उनकी गिरफ्तारी और हिरासत को चुनौती दी गई है।

सोमवार को उनके वकील उमेश शर्मा ने मुख्य न्यायाधीश डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली पीठ के सामने मामले का तत्काल उल्लेख किया। दलील दी गई कि भारद्वाज कई दिनों से हिरासत में हैं और उनकी गिरफ्तारी को गैरकानूनी बताया गया। हाई कोर्ट ने इस मामले को तत्काल सुनवाई के लिए सूचीबद्ध करने की अनुमति दे दी।

हाई कोर्ट में अभी क्या हुआ है?

हाई कोर्ट ने फिलहाल याचिका पर तत्काल सुनवाई की अनुमति दी है। आगे इस मामले में सुनवाई भी होगी।
आगे की सुनवाई में अदालत गिरफ्तारी और हिरासत से जुड़े कानूनी पहलुओं पर विचार करेगी।

यह पूरा मामला जंतर-मंतर पर हुए एक प्रदर्शन के दौरान निशु आजाद के पिता संजय कुमार के साथ कथित मारपीट से जुड़ा है।

पुलिस कार्रवाई के केंद्र में स्वतंत्र भारद्वाज हैं। उन्होंने एक सार्वजनिक बातचीत में घटना के संबंध में अपनी भूमिका का जिक्र किया था और बाद में अपनी कार्रवाई को आत्मरक्षा से जोड़कर बताया था। उनके इस पक्ष और पुलिस की जांच के बीच अब मामला न्यायिक प्रक्रिया में है।

FIR में कौन-कौन सी धाराएं जुड़ी हैं?

मामले की जांच के दौरान पुलिस ने मूल मामले में SC/ST Act से संबंधित प्रावधानों के साथ अन्य धाराएं जोड़े जाने की जानकारी दी है। इसके अलावा निशु आजाद को कथित तौर पर धमकी दिए जाने से जुड़ा एक अलग मामला POCSO Act और आपराधिक धमकी के प्रावधानों के तहत दर्ज किए जाने की भी रिपोर्ट है।

4 सितंबर को बुलंदशहर से पकड़े गए थे स्वतंत्र

दिल्ली पुलिस ने 4 सितंबर को स्वतंत्र भारद्वाज को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से हिरासत में लिया था। इसके बाद उन्हें दिल्ली लाया गया और अदालत के समक्ष पेश किया गया।

पहले पुलिस हिरासत और फिर न्यायिक हिरासत से गुजरने के बाद अब अदालत ने उनकी हिरासत 21 सितंबर तक बढ़ा दी है।

अब आगे क्या होगा?

इस मामले में फिलहाल दो कानूनी प्रक्रियाएं महत्वपूर्ण हैं।

पहली—ट्रायल कोर्ट की कार्यवाही:
स्वतंत्र भारद्वाज 21 सितंबर तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे, जब तक अदालत की ओर से इससे पहले कोई अलग आदेश नहीं आता।

दूसरी—दिल्ली हाई कोर्ट की सुनवाई:
गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली Habeas Corpus याचिका पर हाई कोर्ट सुनवाई करेगा। इसमें गिरफ्तारी की वैधता और हिरासत से जुड़े सवाल उठाए गए हैं।

इसलिए आने वाले समय में हाई कोर्ट की कार्यवाही इस मामले का सबसे महत्वपूर्ण कानूनी अपडेट के रूप में हो सकता है।

फिलहाल यह मामला अभी जांच  और न्यायिक प्रक्रिया के जद में है। स्वतंत्र भारद्वाज पर गंभीर आरोप हैं और पुलिस ने कार्रवाई भी की है।

7 सितंबर 2026 को शाम 4 बजे तक स्वतंत्र भारद्वाज केस का सबसे बड़ा अपडेट यह है कि उनकी न्यायिक हिरासत 21 सितंबर तक बढ़ गई है और गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली Habeas Corpus याचिका पर दिल्ली हाई कोर्ट ने तत्काल सुनवाई की अनुमति दी है।

अब नजर हाई कोर्ट की सुनवाई पर है। अदालत गिरफ्तारी और हिरासत को लेकर क्या रुख अपनाती है, यह इस मामले की आगे की दिशा के लिए महत्वपूर्ण होगा।

Article Ad
Tags: स्वतंत्र भारद्वाज Swatantra Bhardwaj Nishu Azad निशु आजाद Delhi News Delhi Police Delhi High Court Jantar Mantar Crime News Latest News

Comments (0)

No comments yet. Be the first to comment.

Sidebar Ad
Newsletter

Get the most important stories delivered to your inbox.