FSSAI Warning Label Fact Check: क्या खाने की चीजों पर नया लाल Warning Label अनिवार्य हो गया? जानिए वायरल दावे का सच
FSSAI Fact Check: सोशल मीडिया पर खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग और High Sugar, High Salt, High Fat को लेकर कई दावे वायरल हो रहे हैं। कुछ पोस्ट में कहा जा रहा है कि भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण यानी FSSAI ने खाने-पीने के उत्पादों पर नया Warning Label अनिवार्य कर दिया है।
लेकिन क्या यह नियम वास्तव में लागू हो चुका है?
INFLOWIRE Fact Check ने इस दावे की जांच FSSAI के आधिकारिक रिकॉर्ड और हालिया regulatory updates के आधार पर की।
वायरल दावा
“FSSAI ने खाने-पीने की चीजों पर High Sugar, High Salt और High Fat का नया Warning Label लगाना अनिवार्य कर दिया है।”
हमने क्या जांचा?
हमने FSSAI की आधिकारिक वेबसाइट, उसके food regulations और हालिया regulatory updates को चेक किया। जांच में यह सामने आया कि FSSAI की वेबसाइट पर High Added Fat, High Added Sugar और High Salt/Sodium से जुड़े प्रावधानों पर regulatory work चल रहा है। लेकिन किसी प्रस्ताव या draft को सीधे “देशभर में नया नियम लागू हो गया” कहना सही नहीं होगा। FSSAI के आधिकारिक e-consultation पोर्टल पर सितंबर 2026 में Safe Food and Balanced Diets for Children in School से जुड़े Amendment Regulations का draft उपलब्ध है। इस draft में high added fat, high added sugar और high salt की परिभाषाओं को शामिल करने का प्रस्ताव है। इस पर comments की अंतिम तारीख 9 अक्टूबर 2026 दी गई है।
आधिकारिक स्रोत
FSSAI भारत में food safety standards तय करने और food businesses के regulation तथा supervision की जिम्मेदारी निभाने वाली statutory authority है। उसकी आधिकारिक वेबसाइट पर food laws, notifications, advisories और draft regulations अलग-अलग उपलब्ध कराए जाते हैं। FSSAI के official consultation page पर मौजूद September 2026 के draft में High Fat, High Sugar और High Salt के लिए प्रस्तावित thresholds भी दिए गए हैं।
इस draft के अनुसार
High Fat की proposed definition में solid food के लिए 4.2 ग्राम/100 ग्राम से अधिक added fat और liquid food के लिए 1.5 ग्राम/100 ml से अधिक की सीमा दी गई है।
High Sugar के लिए solid food में 3 ग्राम/100 ग्राम से अधिक added sugar और liquid food में 2 ग्राम/100 ml से अधिक की सीमा प्रस्तावित है।
High Salt के लिए solid food में 0.625 ग्राम/100 ग्राम से अधिक salt और liquid food में 0.175 ग्राम/100 ml से अधिक की सीमा प्रस्तावित है।
दावा: भ्रामक
यह कहना कि “FSSAI ने नया Warning Label पूरे देश में अनिवार्य कर दिया है”, उपलब्ध आधिकारिक रिकॉर्ड के आधार पर सही नहीं है।
FSSAI की वेबसाइट पर संबंधित regulatory proposals और draft provisions मौजूद हैं, लेकिन draft/proposed regulation को final और लागू नियम बताना गलत होगा।
इसलिए वायरल पोस्ट को पढ़ते समय “प्रस्ताव” और “लागू नियम” के बीच अंतर समझना जरूरी है।
FSSAI की वेबसाइट पर जुलाई 2026 तक कई नए food-safety regulatory updates और notifications भी दर्ज हैं। उदाहरण के लिए, जुलाई 2026 में Coffee-Chicory Mixture की labelling requirements से संबंधित amendment direction प्रकाशित किया गया था। इसका मतलब यह नहीं है कि हर नया food-labeling proposal सभी packaged foods पर एक साथ लागू हो गया है।
यही वजह है कि किसी भी वायरल पोस्ट में सिर्फ “FSSAI का नया नियम” लिखे होने से उसे आधिकारिक आदेश नहीं माना जा सकता।
उपभोक्ताओं को क्या करना चाहिए?
अगर किसी packaged food पर labeling को लेकर संदेह है तो:
पैकेट पर मौजूद ingredients और nutritional information देखें।
FSSAI की आधिकारिक वेबसाइट पर संबंधित regulation या notification खोजें।
किसी draft proposal को final regulation न मानें।
सोशल मीडिया की तस्वीर या WhatsApp message को official notification का विकल्प न मानें।
Fact Check Verdict
Viral दावा: FSSAI ने सभी संबंधित खाद्य उत्पादों पर नया Warning Label अनिवार्य कर दिया है।
हमने क्या जांचा: FSSAI की official website, food-law updates और September 2026 के official consultation draft को देखा।
आधिकारिक स्रोत: Food Safety and Standards Authority of India (FSSAI)।
''दावा भ्रामक है। FSSAI के रिकॉर्ड में संबंधित provisions/proposals मौजूद हैं, लेकिन उन्हें सीधे “नया नियम लागू हो गया” कहना सही नहीं है।''