नेपाल बाढ़ में ₹500 के नोटों से भरा बैग मिला? वायरल वीडियो की खुली पोल, जानिए पूरा सच
Viral Video Fact Check: नेपाल में हाल ही में आई विनाशकारी बाढ़ के बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कुछ लोग बाढ़ के पानी के बीच नाव से एक बैग निकालते दिखाई दे रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि नेपाल की बाढ़ के बाद पानी से ₹500 के नोटों से भरा बैग बरामद हुआ है।
लेकिन इस वायरल दावे की पड़ताल में तस्वीर बिल्कुल अलग सामने आई है। फैक्ट-चेक में पता चला कि यह वीडियो नेपाल की बाढ़ का नहीं है। वीडियो उत्तर प्रदेश के वृंदावन में शूट किया गया था और इसे scripted बताया गया है।
क्या है वायरल वीडियो का दावा?
सोशल मीडिया पर शेयर किए जा रहे वीडियो में कुछ लोग पानी के बीच एक बैग बरामद करते नजर आते हैं। बैग खोलने पर उसमें ₹500 के नोट दिखाई देते हैं।
वीडियो को शेयर करते हुए दावा किया जा रहा है कि नेपाल में 26 अगस्त 2026 को आई बाढ़ के बाद यह बैग मिला है। बाढ़ की भयावह तस्वीरों के बीच यह वीडियो तेजी से लोगों तक पहुंचा और कई यूजर्स ने इसे नेपाल की मौजूदा स्थिति से जोड़ दिया।
लेकिन वीडियो की तारीख और वास्तविक लोकेशन की जांच करने पर दावा गलत पाया गया।
नेपाल की बाढ़ से पहले ही इंटरनेट पर था वीडियो
जांच के दौरान वायरल वीडियो के प्रमुख फ्रेम को रिवर्स सर्च किया गया। इससे उसी फुटेज का एक पुराना सोशल मीडिया पोस्ट मिला, जिसे 14 जुलाई 2026 को शेयर किया गया था।
यह तारीख महत्वपूर्ण है, क्योंकि नेपाल में संबंधित फ्लैश फ्लड की घटना 26 अगस्त 2026 को हुई थी। यानी वायरल वीडियो नेपाल की बाढ़ से एक महीने से भी ज्यादा पहले इंटरनेट पर मौजूद था।
इससे यह स्पष्ट होता है कि जुलाई में मौजूद वीडियो को अगस्त की नेपाल बाढ़ से जोड़कर दोबारा प्रसारित किया गया।
वृंदावन का निकला वीडियो
जांच में वायरल फुटेज को उत्तर प्रदेश के वृंदावन से जोड़ा गया है। वीडियो से संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट के संचालक से संपर्क किए जाने पर उन्होंने बताया कि फुटेज वृंदावन में शूट किया गया था।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वीडियो scripted था। यानी इसे किसी वास्तविक बाढ़ में अचानक मिले पैसों की घटना के तौर पर देखना सही नहीं है।
₹500 के नोटों वाला दावा क्यों भ्रामक है?
वीडियो में भारतीय मुद्रा दिखाई देने के कारण इसे नेपाल से जोड़ने वाला दावा पहली नजर में लोगों को विश्वसनीय लग सकता है। लेकिन सिर्फ वीडियो में भारतीय नोट दिखाई देने से यह साबित नहीं होता कि घटना नेपाल में हुई थी।
फैक्ट-चेक में सामने आए पुराने पोस्ट, वीडियो की तारीख और वीडियो से जुड़े व्यक्ति की जानकारी ने इसकी वास्तविक पृष्ठभूमि स्पष्ट कर दी है। नेपाल में बाढ़ आने के बाद इस पुराने वीडियो को नए घटनाक्रम से जोड़कर शेयर किया गया।
Fact Check: क्या सच और क्या झूठ?
वायरल दावा: नेपाल की बाढ़ के बाद बाढ़ के पानी से ₹500 के नोटों से भरा बैग मिला।
फैक्ट चेक में ये दावा गलत पाया गया ।
वीडियो नेपाल की बाढ़ के बाद का नहीं है। यह जुलाई 2026 में ही सोशल मीडिया पर मौजूद था। जांच के मुताबिक फुटेज वृंदावन, उत्तर प्रदेश में शूट किया गया scripted वीडियो है।
नेपाल बाढ़ से जुड़े पुराने वीडियो क्यों हो रहे हैं वायरल?
नेपाल में आई बाढ़ और भूस्खलन के बाद सोशल मीडिया पर आपदा से जुड़े कई वीडियो तेजी से शेयर किए जा रहे हैं। इस दौरान पुराने वीडियो, दूसरे स्थानों की तस्वीरें और AI-generated visuals को भी मौजूदा आपदा से जोड़कर प्रसारित किए जाने के मामले सामने आए हैं।
ऐसे मामलों में वीडियो की तारीख, लोकेशन और मूल स्रोत की जांच किए बिना उसे वास्तविक घटना मान लेना गलत सूचना को बढ़ावा दे सकता है।
पाठकों के लिए जरूरी सावधानी
किसी प्राकृतिक आपदा के दौरान सोशल मीडिया पर आने वाले वीडियो को तुरंत सच मानकर शेयर करने से बचना चाहिए। खासकर तब, जब वीडियो के साथ कोई बड़ा या चौंकाने वाला दावा किया जा रहा हो। वीडियो कब बनाया गया, सबसे पहले कहां पोस्ट हुआ और उसमें दिखाई देने वाली जगह वास्तव में कहां की है— इन सवालों की जांच करने के बाद ही किसी दावे पर भरोसा करना चाहिए।
Inflowire Note; नेपाल की बाढ़ के बाद ₹500 के नोटों से भरा बैग मिलने का वायरल वीडियो नेपाल का नहीं है। जांच में वीडियो का संबंध वृंदावन, उत्तर प्रदेश से सामने आया है और इसे scripted बताया गया है। इसलिए हर Viral वीडियो सही है ये कहना सही नही होगा।